बेगानी शादी मे बहन की चुदाई 2

Discussion in 'Hindi Sex Stories' started by 007, Apr 27, 2016.

  1. 007

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    //krot-group.ru बेगानी शादी मे बहन की चुदाई 2

    प्रेषक : रघु
    "बेगानी शादी मे बहन की चुदाई 1" से आगे की कहानी.
    तो दोस्तों फिर करीब 7 बजे शादी हो गई सब घर जा रहे थे तब मैने आयशा को बुलाया और कहा आयशा कुछ काम है वो बोली आपका काम हो गया अब क्या काम है उसकी आवाज़ मे थोड़ी नाराजगी थी मैने कहा अरे यार नाराज़ मत हो मज़ा नही आया तुम भी जल्दी मे थी कुछ और प्लान बनाओ ना उसने कहा तुम्हे प्लान सूझ रही है मेरी सूज गई है अभी भी दर्द है कितनी ज़ोर से किया है प्लीज़ अबकी बार आराम से करूँगा और पहली बार तो दर्द होता ही है मैने कहा प्लीज़ मान जाओ तुम तैयार हो तो मैं कुछ ना कुछ कर लूँगा उसने कहा मैं नही जानती आप जानो आपका काम जाने मैने कहा ठीक है.
    रात को रिशेप्शन था हम लोग तैयार हो रहे थे तब आयशा उसी कमरे मे

    घुसी जहाँ मैने उसे चोदा था शायद तैयार होने गई थी हम जल्दी तैयार हो कर रिशेप्षन हॉल मे पहुँच गये कुछ देर बाद आयशा भी पहुँच गई उसने ब्लू कलर का लंहगा पहना था क्या सेक्सी लग रही रही थी वो चोली मे उसके क्लवेज अब और साफ साफ नज़र आ रहे थे मैने उसके पास जाकर कहा बहुत प्यारी लग रही हो उसने कहा अच्छा जी तुम्हे तो हरदम यही सूझता रहता है मैने कहा क्या प्रोग्राम है उसने कहा किस बात का मैने कहा जो बात बची है उसने कहा कोई बात नही बाकी और कोई मौका भी नही है मेने कहा अभी घर मे सब लेटे है सब इतना थक गये है की कोई यहा आना नही चाहता मैने कहा मेरे पास प्लान है उसने कहा आपका दिमाग़ कही और भी चलता है की दिन भर यही बाते सोचते हो मैने कहा तुम अगर पास होगी

    तो और क्या होगा.मैने कहा रात को मैं प्लान बताऊंगा तो वो बोली ठीक है देखते है रिशेप्शन ख़त्म हो गया और हम घर आ गये मैने धीरे से आयशा से कहा कहा सोओंगी कहाँ ? वही बच्चो के साथ मैने कहा ठीक है मैं आऊंगा रात 1 बजे मैं उठा और आयशा के कमरे की तरफ गया उसका दरवाजा खुला था मैने आयशा को उठाया वो हड़बड़ा गई लेकिन मुझे देखते ही चुप हो गयी उस समय आयशा नाइटी मे थी मैने उसे इशारे से पीछे आने को कहा मै उसे सीधे छत पर ले गया वो बोली ये क्या है भैया यहा क्यो लाये हो मैने कहा कोई कमरा खाली नही है इसलिये वो बोली ज़रूरत क्या थी दोपहर को कर तो लिया था ना मैने कहा मज़ा नही आया वो बोली यहाँ कहाँ होगा मैने उसे दिखाया वहा पर पानी की टंकी और छत की पिंजरी के

    बीच में कुछ जगह थी जहा मैने पहले से एक कंबल लगा रखा था दिसम्बर का महीना था और ठंड अपने जोरो पर थी इसलिये कंबल ओढ़ने के लिये मिला था.उसे मै उपर ले आया और बिछा दिया वो बोली भैया बहुत बदमाश हो मैने छत का दरवाजा अंदर से बंद किया और दोनो बैठ गये उसने कहा भैया नाइटी मत उतारना ऐसे ही कर लो मैने कहा ठीक है अब वो बिना किसी टेन्शन के लेट गई मैने उसकी टांगो से उसकी नाइट उपर की और उसकी पेंटी को उतार दिया और उपर की ब्रा भी खोल दी और उसके बूब्स को आज़ाद कर दिया वो बोली कुछ मत निकालो ना मैने कहा कैसे होगा तो तब उसने अपनी नाइटी उपर तक उठा दी बूब्स तक वो पूरी नंगी हो गई थी मैने लोवर और बनियान पहनी थी दोनो निकाल दिये मेरा लंड तो तना हुआ था वो आयशा

    के बिल मे जाने के लिये तड़प मार रहा था उपर छत पर टेंट लगा था और चारो ओर से कवर था इसलिये कही से कोई देखने का खतरा नही था.अब मैने आयशा को चूमना शुरू किया और बूब्स चूसने और दबाने लगा हवा थोड़ी उन पर्दो से हल्की हल्की आ रही थी और हम दोनो को मधहोश कर रही थी अब हम दोनो उस खेल मे इतना खो गये की हमें होश ही नही था की हम लोग कहाँ है मै उसे अब भी प्यार कर रहा था उसकी चूत अब पूरी तरह गीली हो चुकी थी तो वो बोली भैया पहले जीभ से प्यार करो ना मेने झुक कर उसकी पूरी चूत को मुँह मे भर लिया और आम की तरह चूसने लगा फिर नीचे से लेकर उपर तक जीभ से चाटने लगा अब वो मुझे उपर की तरफ खींचने लगी तो मैने अपने तने हुये लंड को

    उसकी चूत पर रख कर अंदर डालने लगा उसने टाँगे और फैलाई लंड को अंदर लेने की कोशिश करने लगी और अपनी गांड उठा रही थी मैने उसकी टाँगे मोड़ दी और दंड पेलने की तरह उसे चोदने लगा लंड धीरे धीरे अन्दर जा रहा था और वो स्सस्सस्स कर रही थी लंड पूरा का पूरा अन्दर जा चुका था.अब मैने जोर लगाना शुरू कर दिया फिर आयशा को अपने उपर ले लिया और उसकी नाइटी उतार दी अब उसके बूब्स को मसलते हुये मैने उसे उपर नीचे होने को कहा और वो ऐसा करने लगी बहुत देर तक ऐसा ही चलता रहा कभी वो उपर या नीचे होती वो मेरे उपर थी की वो झड़ गई अब मैने उसे नीचे किया और फिर उसे ज़ोर ज़ोर से चोदने लगा और वो बोलने लगी डार्लिंग क्या खा कर आये हो मैने कहा कुछ नही तुम्हारा प्यार है और मेरी स्पीड

    बरकरार थी फिर हम एक साथ ही झड़ गये मेरा गर्म-गर्म वीर्य उसके गर्भ मे गिर रहा था और वो आँख बंद कर आनंद मे डुबी हुई थी हम दोनो अलग हुये तो देखा आयशा अभी भी लंबी लंबी साँसे ले रही मैने पूछा क्या हुआ वो थक गई थी वो बोली अब मैं जा रही हूँ मैने कहा जल्दी क्या है.
    मैने उसे दूसरी बार चोदने के लिये मनाया बहुत कहने पर मान गई और फिर उसके उपर चढ़ गया दोनो झड़ कर शांत हुये तो मैने कहा अब कब मिलेगे ज़ान एक बार और दे दो वो बोली तुम्हारा दिल नही भरने वाला मे तो चली मेने उसके प्यारे मुँह को चूमा और कहा की क्या तुम अपने भैया से सच्चा प्यार नही करती वो बोली आप तो मेरे दिल मे बसे हो लेकिन वक़्त का भी तो ख्याल करो सवेरा होने वाला है यह कह कर उसने उसकी

    नाइटी से अपनी चूत साफ की और टाँगे उठा कर बोली की एक बार और ले लो पर जल्दी कर लो अब मैने फिर से उसे जम कर चोदा और हम दोनो संतुष्ट हो गये अब हम दोनो ने कपड़े पहने और नीचे आ गये उस समय सुबह के 5 बज चुके थे कही कोई उठ ना जाये इसलिये दोनो जाकर सो गये.सुबह मै देर तक सोता रहा जब उठा तो घर मे काफ़ी शोर था सब मेहमान वापस जाने की तैयारी कर रहे थे पर आयशा कही दिखाई नही दे रही थी मेरी निगाहे उसे ढूंढ रही थी फिर मैने सोचा की वो अभी तक सो रही होगी पर थोड़ी देर मे देखा आयशा मेरी तरफ ही आ रही थी वो मुझसे बोली भैया चलो हम भी घर चले मेने थोड़ा सा नज़दीक हो कर कान मे कहा की आज भी यहीं रुक जाते है और उसकी तरफ आँख

    मार दी उसने मेरी तरफ नाक मरोड़ कर कहा," लगता है यहाँ ज़्यादा ही दिल लग गया है पराये घर मे ये सब रिस्की है चलो घर जा कर मौका निकाल लेंगे मे बोला की अच्छा ये बताओ दिन वाली मूवी अच्छी थी या रात वाली वो मुस्कुराई और बोली दोनो अच्छी थी मैने कहा ज्यादा अच्छी कौन सी थी वो शरमाते हुये बोली रात वाली मैने कहा ठीक है तो जल्दी चलो वो बोली घर चल कर मम्मी पापा का ध्यान रखना कहीं जाते ही ना मुझ पर टूट पड़ना.
    मेने कहा अच्छा बाबा जैसा कहोगी वैसे करूँगा और अपने घर मे ही रात वाली मूवी देखेंगे मेरी चुदाई से आयशा का चेहरा खिल उठा था घर पहुँचे तो मम्मी ने कहा हम तुम्हारा ही इंतज़ार कर रहे थे कल अमावस्या है में तेरे पापा के साथ मे हरिद्वार जा रही हूँ गंगा स्नान करके कल आयेगे हम दोनो की

    खुशी छुपाये ना छुप रही थी मम्मी ने हिदायत दी की तुम घर पर ही रहना आयशा को अकेले घर पर छोड़ कर ना जाना मेने कहा ठीक है मम्मी मैं आयशा का पूरा ख्याल रखूँगा आयशा मंद-मंद मुस्कुरा रही थी जैसे ही मम्मी पापा घर से निकले तो मम्मी ने कहा की अंदर से दरवाजा बंद करके रखना मे अंदर से दरवाजा बंद करके जैसे ही मुड़ा तो आयशा दौड़ कर मुझसे लिपट गयी और बोली लो भैया वहाँ की सारी कमी पूरी कर लो मे बिल्कुल मना नही करूँगी.मे बोला की आयशा शादी मे तू गांड मटका-मटका कर चलती थी तो मेरा दिल तेरी गांड मारने का बहुत करता था आज तो पहले मे तेरी गांड मारूँगा ठीक है भैया अब मेरी चीख भी निकली तो किसी को सुनाई नही देगी मेरा दिल भी गांड मरवाने को करता है मे फटाफट आयशा को बेड पर ले गया और

    अपने कपड़े उतार दिये आयशा ने भी जीन्स और टॉप उतारे और घोड़ी बनकर मेरे खड़े लंड को देखने लगी उसने पेंटी और ब्रा नही पहने थे मेरे सामने उसके चौड़े और भारी नितंभ थे मेने पीछे से उसके चिकने मसल कूल्हे पकड़े और गांड का चुम्मा लिया फिर मे गांड को पागलो की तरह चाटने लगा आयशा के मुँह से लगातार सिसकियां निकल रही थी.फिर मेने अपने लंड के मोटे सूपाडे को उसकी गांड पर रखा तो उसके मुँह से मीठी सी सिसकारी निकली "हाय भैया आहिस्ता-आहिस्ता डालना मेरी गांड कुँवारी है"मेने थोड़ा ज़ोर लगाया तो गधे जैसे लंड के सूपाडे ने गांड के टांके तोड़ दिये और सूपाड़ा गांड मे घुस गया आयशा की आँखो से आँसू निकल आये वो बोली भैया सूखा ही मारोगे लाओ मे तुम्हारे लंड को भी गीला कर देती हूँ मेने लंड निकाला तो आयशा ने उसे मुँह मे लेकर चूसना शुरू कर

    दिया वो कह रही थी की आपका सूपड़ा ही मेरे मुँह मे मुश्किल से आता है पूरा लंड तो मेरी गांड का बुरा हाल कर देगा अच्छी तरह लंड चूसने के बाद वो फिर घोड़ी बन गयी उसके मोटे मोटे चूतडो पर मेने दाँत गड़ा दिये.मेने फिर उसकी गांड को चूमा और जीभ से चाटा आयशा ने पीछे मूड कर विनती की अब आ भी जाओ भैया तवे को गर्म देख कर मे घोड़े की तरह चढ़ गया और एक जोरदार धक्के के साथ लंड को उसकी गांड मे घुसेड दिया मेरा आधा लंड गांड को फाड़ता हुआ अंदर घुस गया आयशा चिल्लाई ज़रा रूको भैया मे मरी मेने रुक कर उसकी सुन्दर गर्दन को चूमा उसका मुँह पीछे की तरह करके गालों को मुँह मे भर कर चूसने लगा मेने महसूस किया की उसने अपनी जांघे पूरी फैला ली हैं और लंड को एड्जस्ट कर लिया है मेने एक

    हाथ नीचे ले जाकर उसकी चूत के लहसुन को सहलाना शुरू कर दिया इससे उसके नितंब हरकत करने लगे मे समझ गया की गांड अब और ज़्यादा लंड माँग रही है.मेने एक ज़ोरदार शॉट मारा और मेरे अंडकोष उसके गद्देदार चूतडो से जा टकराये पूरा 10 इंच का लंड उसकी गांड मे घुस गया था अब मेने आहिस्ता-आहिस्ता शॉट लगाने शुरू कर दिये उसके भारी चूतड़ भी ताल से ताल मिलाने लगे कुछ ही देर मे लंड के धक्कों और उसकी सिसकारियों मे तेजी आ गयी और वो बस बस करके झड़ने लगी मे भी सारा वीर्य उसकी गांड मे डाल कर उसके उपर ही ढेर हो गया हमने मम्मी पापा के आने तक ना दिन देखा ना रात बस चुदाई मे लगे रहे जैसे 2 दिन बाद दुनिया का अंत होने वाला हो उसके बाद तो आयशा को मेरे लंड का ऐसा चस्का लगा है की मम्मी पापा के

    सोने के बाद वो रोज़ मेरे कमरे मे आ जाती है और सुबह तक चुदाई चलती है फिर चुपके से अपने रूम मे चली जाती है तो दोस्तों ये थी मेरी कहानी अच्छी लगे इसे शेयर जरूर करें.धन्यवाद .

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    तो दोस्तों फिर करीब 7 बजे शादी हो गई सब घर जा रहे थे तब मैने आयशा को बुलाया और कहा आयशा कुछ काम है वो बोली आपका काम हो गया अब क्या काम है उसकी आवाज़ मे थोड़ी नाराजगी थी मैने कहा अरे यार नाराज़ मत हो मज़ा नही आया तुम भी जल्दी मे थी कुछ और प्लान बनाओ ना उसने कहा तुम्हे प्लान सूझ रही है मेरी सूज गई है अभी भी दर्द है कितनी ज़ोर से किया है प्लीज़ अबकी बार आराम से करूँगा और पहली बार तो दर्द होता ही है मैने कहा प्लीज़ मान जाओ तुम तैयार हो तो मैं कुछ ना कुछ कर लूँगा उसने कहा मैं नही जानती आप जानो आपका काम जाने मैने कहा ठीक है.
    रात को रिशेप्शन था हम लोग तैयार हो रहे थे तब आयशा उसी कमरे मे

    घुसी जहाँ मैने उसे चोदा था शायद तैयार होने गई थी हम जल्दी तैयार हो कर रिशेप्षन हॉल मे पहुँच गये कुछ देर बाद आयशा भी पहुँच गई उसने ब्लू कलर का लंहगा पहना था क्या सेक्सी लग रही रही थी वो चोली मे उसके क्लवेज अब और साफ साफ नज़र आ रहे थे मैने उसके पास जाकर कहा बहुत प्यारी लग रही हो उसने कहा अच्छा जी तुम्हे तो हरदम यही सूझता रहता है मैने कहा क्या प्रोग्राम है उसने कहा किस बात का मैने कहा जो बात बची है उसने कहा कोई बात नही बाकी और कोई मौका भी नही है मेने कहा अभी घर मे सब लेटे है सब इतना थक गये है की कोई यहा आना नही चाहता मैने कहा मेरे पास प्लान है उसने कहा आपका दिमाग़ कही और भी चलता है की दिन भर यही बाते सोचते हो मैने कहा तुम अगर पास होगी

    तो और क्या होगा.मैने कहा रात को मैं प्लान बताऊंगा तो वो बोली ठीक है देखते है रिशेप्शन ख़त्म हो गया और हम घर आ गये मैने धीरे से आयशा से कहा कहा सोओंगी कहाँ ? वही बच्चो के साथ मैने कहा ठीक है मैं आऊंगा रात 1 बजे मैं उठा और आयशा के कमरे की तरफ गया उसका दरवाजा खुला था मैने आयशा को उठाया वो हड़बड़ा गई लेकिन मुझे देखते ही चुप हो गयी उस समय आयशा नाइटी मे थी मैने उसे इशारे से पीछे आने को कहा मै उसे सीधे छत पर ले गया वो बोली ये क्या है भैया यहा क्यो लाये हो मैने कहा कोई कमरा खाली नही है इसलिये वो बोली ज़रूरत क्या थी दोपहर को कर तो लिया था ना मैने कहा मज़ा नही आया वो बोली यहाँ कहाँ होगा मैने उसे दिखाया वहा पर पानी की टंकी और छत की पिंजरी के

    बीच में कुछ जगह थी जहा मैने पहले से एक कंबल लगा रखा था दिसम्बर का महीना था और ठंड अपने जोरो पर थी इसलिये कंबल ओढ़ने के लिये मिला था.उसे मै उपर ले आया और बिछा दिया वो बोली भैया बहुत बदमाश हो मैने छत का दरवाजा अंदर से बंद किया और दोनो बैठ गये उसने कहा भैया नाइटी मत उतारना ऐसे ही कर लो मैने कहा ठीक है अब वो बिना किसी टेन्शन के लेट गई मैने उसकी टांगो से उसकी नाइट उपर की और उसकी पेंटी को उतार दिया और उपर की ब्रा भी खोल दी और उसके बूब्स को आज़ाद कर दिया वो बोली कुछ मत निकालो ना मैने कहा कैसे होगा तो तब उसने अपनी नाइटी उपर तक उठा दी बूब्स तक वो पूरी नंगी हो गई थी मैने लोवर और बनियान पहनी थी दोनो निकाल दिये मेरा लंड तो तना हुआ था वो आयशा

    के बिल मे जाने के लिये तड़प मार रहा था उपर छत पर टेंट लगा था और चारो ओर से कवर था इसलिये कही से कोई देखने का खतरा नही था.अब मैने आयशा को चूमना शुरू किया और बूब्स चूसने और दबाने लगा हवा थोड़ी उन पर्दो से हल्की हल्की आ रही थी और हम दोनो को मधहोश कर रही थी अब हम दोनो उस खेल मे इतना खो गये की हमें होश ही नही था की हम लोग कहाँ है मै उसे अब भी प्यार कर रहा था उसकी चूत अब पूरी तरह गीली हो चुकी थी तो वो बोली भैया पहले जीभ से प्यार करो ना मेने झुक कर उसकी पूरी चूत को मुँह मे भर लिया और आम की तरह चूसने लगा फिर नीचे से लेकर उपर तक जीभ से चाटने लगा अब वो मुझे उपर की तरफ खींचने लगी तो मैने अपने तने हुये लंड को

    उसकी चूत पर रख कर अंदर डालने लगा उसने टाँगे और फैलाई लंड को अंदर लेने की कोशिश करने लगी और अपनी गांड उठा रही थी मैने उसकी टाँगे मोड़ दी और दंड पेलने की तरह उसे चोदने लगा लंड धीरे धीरे अन्दर जा रहा था और वो स्सस्सस्स कर रही थी लंड पूरा का पूरा अन्दर जा चुका था.अब मैने जोर लगाना शुरू कर दिया फिर आयशा को अपने उपर ले लिया और उसकी नाइटी उतार दी अब उसके बूब्स को मसलते हुये मैने उसे उपर नीचे होने को कहा और वो ऐसा करने लगी बहुत देर तक ऐसा ही चलता रहा कभी वो उपर या नीचे होती वो मेरे उपर थी की वो झड़ गई अब मैने उसे नीचे किया और फिर उसे ज़ोर ज़ोर से चोदने लगा और वो बोलने लगी डार्लिंग क्या खा कर आये हो मैने कहा कुछ नही तुम्हारा प्यार है और मेरी स्पीड

    बरकरार थी फिर हम एक साथ ही झड़ गये मेरा गर्म-गर्म वीर्य उसके गर्भ मे गिर रहा था और वो आँख बंद कर आनंद मे डुबी हुई थी हम दोनो अलग हुये तो देखा आयशा अभी भी लंबी लंबी साँसे ले रही मैने पूछा क्या हुआ वो थक गई थी वो बोली अब मैं जा रही हूँ मैने कहा जल्दी क्या है.
    मैने उसे दूसरी बार चोदने के लिये मनाया बहुत कहने पर मान गई और फिर उसके उपर चढ़ गया दोनो झड़ कर शांत हुये तो मैने कहा अब कब मिलेगे ज़ान एक बार और दे दो वो बोली तुम्हारा दिल नही भरने वाला मे तो चली मेने उसके प्यारे मुँह को चूमा और कहा की क्या तुम अपने भैया से सच्चा प्यार नही करती वो बोली आप तो मेरे दिल मे बसे हो लेकिन वक़्त का भी तो ख्याल करो सवेरा होने वाला है यह कह कर उसने उसकी

    नाइटी से अपनी चूत साफ की और टाँगे उठा कर बोली की एक बार और ले लो पर जल्दी कर लो अब मैने फिर से उसे जम कर चोदा और हम दोनो संतुष्ट हो गये अब हम दोनो ने कपड़े पहने और नीचे आ गये उस समय सुबह के 5 बज चुके थे कही कोई उठ ना जाये इसलिये दोनो जाकर सो गये.सुबह मै देर तक सोता रहा जब उठा तो घर मे काफ़ी शोर था सब मेहमान वापस जाने की तैयारी कर रहे थे पर आयशा कही दिखाई नही दे रही थी मेरी निगाहे उसे ढूंढ रही थी फिर मैने सोचा की वो अभी तक सो रही होगी पर थोड़ी देर मे देखा आयशा मेरी तरफ ही आ रही थी वो मुझसे बोली भैया चलो हम भी घर चले मेने थोड़ा सा नज़दीक हो कर कान मे कहा की आज भी यहीं रुक जाते है और उसकी तरफ आँख

    मार दी उसने मेरी तरफ नाक मरोड़ कर कहा," लगता है यहाँ ज़्यादा ही दिल लग गया है पराये घर मे ये सब रिस्की है चलो घर जा कर मौका निकाल लेंगे मे बोला की अच्छा ये बताओ दिन वाली मूवी अच्छी थी या रात वाली वो मुस्कुराई और बोली दोनो अच्छी थी मैने कहा ज्यादा अच्छी कौन सी थी वो शरमाते हुये बोली रात वाली मैने कहा ठीक है तो जल्दी चलो वो बोली घर चल कर मम्मी पापा का ध्यान रखना कहीं जाते ही ना मुझ पर टूट पड़ना.
    मेने कहा अच्छा बाबा जैसा कहोगी वैसे करूँगा और अपने घर मे ही रात वाली मूवी देखेंगे मेरी चुदाई से आयशा का चेहरा खिल उठा था घर पहुँचे तो मम्मी ने कहा हम तुम्हारा ही इंतज़ार कर रहे थे कल अमावस्या है में तेरे पापा के साथ मे हरिद्वार जा रही हूँ गंगा स्नान करके कल आयेगे हम दोनो की

    खुशी छुपाये ना छुप रही थी मम्मी ने हिदायत दी की तुम घर पर ही रहना आयशा को अकेले घर पर छोड़ कर ना जाना मेने कहा ठीक है मम्मी मैं आयशा का पूरा ख्याल रखूँगा आयशा मंद-मंद मुस्कुरा रही थी जैसे ही मम्मी पापा घर से निकले तो मम्मी ने कहा की अंदर से दरवाजा बंद करके रखना मे अंदर से दरवाजा बंद करके जैसे ही मुड़ा तो आयशा दौड़ कर मुझसे लिपट गयी और बोली लो भैया वहाँ की सारी कमी पूरी कर लो मे बिल्कुल मना नही करूँगी.मे बोला की आयशा शादी मे तू गांड मटका-मटका कर चलती थी तो मेरा दिल तेरी गांड मारने का बहुत करता था आज तो पहले मे तेरी गांड मारूँगा ठीक है भैया अब मेरी चीख भी निकली तो किसी को सुनाई नही देगी मेरा दिल भी गांड मरवाने को करता है मे फटाफट आयशा को बेड पर ले गया और

    अपने कपड़े उतार दिये आयशा ने भी जीन्स और टॉप उतारे और घोड़ी बनकर मेरे खड़े लंड को देखने लगी उसने पेंटी और ब्रा नही पहने थे मेरे सामने उसके चौड़े और भारी नितंभ थे मेने पीछे से उसके चिकने मसल कूल्हे पकड़े और गांड का चुम्मा लिया फिर मे गांड को पागलो की तरह चाटने लगा आयशा के मुँह से लगातार सिसकियां निकल रही थी.फिर मेने अपने लंड के मोटे सूपाडे को उसकी गांड पर रखा तो उसके मुँह से मीठी सी सिसकारी निकली "हाय भैया आहिस्ता-आहिस्ता डालना मेरी गांड कुँवारी है"मेने थोड़ा ज़ोर लगाया तो गधे जैसे लंड के सूपाडे ने गांड के टांके तोड़ दिये और सूपाड़ा गांड मे घुस गया आयशा की आँखो से आँसू निकल आये वो बोली भैया सूखा ही मारोगे लाओ मे तुम्हारे लंड को भी गीला कर देती हूँ मेने लंड निकाला तो आयशा ने उसे मुँह मे लेकर चूसना शुरू कर

    दिया वो कह रही थी की आपका सूपड़ा ही मेरे मुँह मे मुश्किल से आता है पूरा लंड तो मेरी गांड का बुरा हाल कर देगा अच्छी तरह लंड चूसने के बाद वो फिर घोड़ी बन गयी उसके मोटे मोटे चूतडो पर मेने दाँत गड़ा दिये.मेने फिर उसकी गांड को चूमा और जीभ से चाटा आयशा ने पीछे मूड कर विनती की अब आ भी जाओ भैया तवे को गर्म देख कर मे घोड़े की तरह चढ़ गया और एक जोरदार धक्के के साथ लंड को उसकी गांड मे घुसेड दिया मेरा आधा लंड गांड को फाड़ता हुआ अंदर घुस गया आयशा चिल्लाई ज़रा रूको भैया मे मरी मेने रुक कर उसकी सुन्दर गर्दन को चूमा उसका मुँह पीछे की तरह करके गालों को मुँह मे भर कर चूसने लगा मेने महसूस किया की उसने अपनी जांघे पूरी फैला ली हैं और लंड को एड्जस्ट कर लिया है मेने एक

    हाथ नीचे ले जाकर उसकी चूत के लहसुन को सहलाना शुरू कर दिया इससे उसके नितंब हरकत करने लगे मे समझ गया की गांड अब और ज़्यादा लंड माँग रही है.मेने एक ज़ोरदार शॉट मारा और मेरे अंडकोष उसके गद्देदार चूतडो से जा टकराये पूरा 10 इंच का लंड उसकी गांड मे घुस गया था अब मेने आहिस्ता-आहिस्ता शॉट लगाने शुरू कर दिये उसके भारी चूतड़ भी ताल से ताल मिलाने लगे कुछ ही देर मे लंड के धक्कों और उसकी सिसकारियों मे तेजी आ गयी और वो बस बस करके झड़ने लगी मे भी सारा वीर्य उसकी गांड मे डाल कर उसके उपर ही ढेर हो गया हमने मम्मी पापा के आने तक ना दिन देखा ना रात बस चुदाई मे लगे रहे जैसे 2 दिन बाद दुनिया का अंत होने वाला हो उसके बाद तो आयशा को मेरे लंड का ऐसा चस्का लगा है की मम्मी पापा के

    सोने के बाद वो रोज़ मेरे कमरे मे आ जाती है और सुबह तक चुदाई चलती है फिर चुपके से अपने रूम मे चली जाती है तो दोस्तों ये थी मेरी कहानी अच्छी लगे इसे शेयर जरूर करें.धन्यवाद .

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    //krot-group.ru प्रेषक : रघु
    "बेगानी शादी मे बहन की चुदाई 1" से आगे की कहानी.
    तो दोस्तों फिर करीब 7 बजे शादी हो गई सब घर जा रहे थे तब मैने आयशा को बुलाया और कहा आयशा कुछ काम है वो बोली आपका काम हो गया अब क्या काम है उसकी आवाज़ मे थोड़ी नाराजगी थी मैने कहा अरे यार नाराज़ मत हो मज़ा नही आया तुम भी जल्दी मे थी कुछ और प्लान बनाओ ना उसने कहा तुम्हे प्लान सूझ रही है मेरी सूज गई है अभी भी दर्द है कितनी ज़ोर से किया है प्लीज़ अबकी बार आराम से करूँगा और पहली बार तो दर्द होता ही है मैने कहा प्लीज़ मान जाओ तुम तैयार हो तो मैं कुछ ना कुछ कर लूँगा उसने कहा मैं नही जानती आप जानो आपका काम जाने मैने कहा ठीक है.
    रात को रिशेप्शन था हम लोग तैयार हो रहे थे तब आयशा उसी कमरे मे

    घुसी जहाँ मैने उसे चोदा था शायद तैयार होने गई थी हम जल्दी तैयार हो कर रिशेप्षन हॉल मे पहुँच गये कुछ देर बाद आयशा भी पहुँच गई उसने ब्लू कलर का लंहगा पहना था क्या सेक्सी लग रही रही थी वो चोली मे उसके क्लवेज अब और साफ साफ नज़र आ रहे थे मैने उसके पास जाकर कहा बहुत प्यारी लग रही हो उसने कहा अच्छा जी तुम्हे तो हरदम यही सूझता रहता है मैने कहा क्या प्रोग्राम है उसने कहा किस बात का मैने कहा जो बात बची है उसने कहा कोई बात नही बाकी और कोई मौका भी नही है मेने कहा अभी घर मे सब लेटे है सब इतना थक गये है की कोई यहा आना नही चाहता मैने कहा मेरे पास प्लान है उसने कहा आपका दिमाग़ कही और भी चलता है की दिन भर यही बाते सोचते हो मैने कहा तुम अगर पास होगी

    तो और क्या होगा.मैने कहा रात को मैं प्लान बताऊंगा तो वो बोली ठीक है देखते है रिशेप्शन ख़त्म हो गया और हम घर आ गये मैने धीरे से आयशा से कहा कहा सोओंगी कहाँ ? वही बच्चो के साथ मैने कहा ठीक है मैं आऊंगा रात 1 बजे मैं उठा और आयशा के कमरे की तरफ गया उसका दरवाजा खुला था मैने आयशा को उठाया वो हड़बड़ा गई लेकिन मुझे देखते ही चुप हो गयी उस समय आयशा नाइटी मे थी मैने उसे इशारे से पीछे आने को कहा मै उसे सीधे छत पर ले गया वो बोली ये क्या है भैया यहा क्यो लाये हो मैने कहा कोई कमरा खाली नही है इसलिये वो बोली ज़रूरत क्या थी दोपहर को कर तो लिया था ना मैने कहा मज़ा नही आया वो बोली यहाँ कहाँ होगा मैने उसे दिखाया वहा पर पानी की टंकी और छत की पिंजरी के

    बीच में कुछ जगह थी जहा मैने पहले से एक कंबल लगा रखा था दिसम्बर का महीना था और ठंड अपने जोरो पर थी इसलिये कंबल ओढ़ने के लिये मिला था.उसे मै उपर ले आया और बिछा दिया वो बोली भैया बहुत बदमाश हो मैने छत का दरवाजा अंदर से बंद किया और दोनो बैठ गये उसने कहा भैया नाइटी मत उतारना ऐसे ही कर लो मैने कहा ठीक है अब वो बिना किसी टेन्शन के लेट गई मैने उसकी टांगो से उसकी नाइट उपर की और उसकी पेंटी को उतार दिया और उपर की ब्रा भी खोल दी और उसके बूब्स को आज़ाद कर दिया वो बोली कुछ मत निकालो ना मैने कहा कैसे होगा तो तब उसने अपनी नाइटी उपर तक उठा दी बूब्स तक वो पूरी नंगी हो गई थी मैने लोवर और बनियान पहनी थी दोनो निकाल दिये मेरा लंड तो तना हुआ था वो आयशा

    के बिल मे जाने के लिये तड़प मार रहा था उपर छत पर टेंट लगा था और चारो ओर से कवर था इसलिये कही से कोई देखने का खतरा नही था.अब मैने आयशा को चूमना शुरू किया और बूब्स चूसने और दबाने लगा हवा थोड़ी उन पर्दो से हल्की हल्की आ रही थी और हम दोनो को मधहोश कर रही थी अब हम दोनो उस खेल मे इतना खो गये की हमें होश ही नही था की हम लोग कहाँ है मै उसे अब भी प्यार कर रहा था उसकी चूत अब पूरी तरह गीली हो चुकी थी तो वो बोली भैया पहले जीभ से प्यार करो ना मेने झुक कर उसकी पूरी चूत को मुँह मे भर लिया और आम की तरह चूसने लगा फिर नीचे से लेकर उपर तक जीभ से चाटने लगा अब वो मुझे उपर की तरफ खींचने लगी तो मैने अपने तने हुये लंड को

    उसकी चूत पर रख कर अंदर डालने लगा उसने टाँगे और फैलाई लंड को अंदर लेने की कोशिश करने लगी और अपनी गांड उठा रही थी मैने उसकी टाँगे मोड़ दी और दंड पेलने की तरह उसे चोदने लगा लंड धीरे धीरे अन्दर जा रहा था और वो स्सस्सस्स कर रही थी लंड पूरा का पूरा अन्दर जा चुका था.अब मैने जोर लगाना शुरू कर दिया फिर आयशा को अपने उपर ले लिया और उसकी नाइटी उतार दी अब उसके बूब्स को मसलते हुये मैने उसे उपर नीचे होने को कहा और वो ऐसा करने लगी बहुत देर तक ऐसा ही चलता रहा कभी वो उपर या नीचे होती वो मेरे उपर थी की वो झड़ गई अब मैने उसे नीचे किया और फिर उसे ज़ोर ज़ोर से चोदने लगा और वो बोलने लगी डार्लिंग क्या खा कर आये हो मैने कहा कुछ नही तुम्हारा प्यार है और मेरी स्पीड

    बरकरार थी फिर हम एक साथ ही झड़ गये मेरा गर्म-गर्म वीर्य उसके गर्भ मे गिर रहा था और वो आँख बंद कर आनंद मे डुबी हुई थी हम दोनो अलग हुये तो देखा आयशा अभी भी लंबी लंबी साँसे ले रही मैने पूछा क्या हुआ वो थक गई थी वो बोली अब मैं जा रही हूँ मैने कहा जल्दी क्या है.
    मैने उसे दूसरी बार चोदने के लिये मनाया बहुत कहने पर मान गई और फिर उसके उपर चढ़ गया दोनो झड़ कर शांत हुये तो मैने कहा अब कब मिलेगे ज़ान एक बार और दे दो वो बोली तुम्हारा दिल नही भरने वाला मे तो चली मेने उसके प्यारे मुँह को चूमा और कहा की क्या तुम अपने भैया से सच्चा प्यार नही करती वो बोली आप तो मेरे दिल मे बसे हो लेकिन वक़्त का भी तो ख्याल करो सवेरा होने वाला है यह कह कर उसने उसकी

    नाइटी से अपनी चूत साफ की और टाँगे उठा कर बोली की एक बार और ले लो पर जल्दी कर लो अब मैने फिर से उसे जम कर चोदा और हम दोनो संतुष्ट हो गये अब हम दोनो ने कपड़े पहने और नीचे आ गये उस समय सुबह के 5 बज चुके थे कही कोई उठ ना जाये इसलिये दोनो जाकर सो गये.सुबह मै देर तक सोता रहा जब उठा तो घर मे काफ़ी शोर था सब मेहमान वापस जाने की तैयारी कर रहे थे पर आयशा कही दिखाई नही दे रही थी मेरी निगाहे उसे ढूंढ रही थी फिर मैने सोचा की वो अभी तक सो रही होगी पर थोड़ी देर मे देखा आयशा मेरी तरफ ही आ रही थी वो मुझसे बोली भैया चलो हम भी घर चले मेने थोड़ा सा नज़दीक हो कर कान मे कहा की आज भी यहीं रुक जाते है और उसकी तरफ आँख

    मार दी उसने मेरी तरफ नाक मरोड़ कर कहा," लगता है यहाँ ज़्यादा ही दिल लग गया है पराये घर मे ये सब रिस्की है चलो घर जा कर मौका निकाल लेंगे मे बोला की अच्छा ये बताओ दिन वाली मूवी अच्छी थी या रात वाली वो मुस्कुराई और बोली दोनो अच्छी थी मैने कहा ज्यादा अच्छी कौन सी थी वो शरमाते हुये बोली रात वाली मैने कहा ठीक है तो जल्दी चलो वो बोली घर चल कर मम्मी पापा का ध्यान रखना कहीं जाते ही ना मुझ पर टूट पड़ना.
    मेने कहा अच्छा बाबा जैसा कहोगी वैसे करूँगा और अपने घर मे ही रात वाली मूवी देखेंगे मेरी चुदाई से आयशा का चेहरा खिल उठा था घर पहुँचे तो मम्मी ने कहा हम तुम्हारा ही इंतज़ार कर रहे थे कल अमावस्या है में तेरे पापा के साथ मे हरिद्वार जा रही हूँ गंगा स्नान करके कल आयेगे हम दोनो की

    खुशी छुपाये ना छुप रही थी मम्मी ने हिदायत दी की तुम घर पर ही रहना आयशा को अकेले घर पर छोड़ कर ना जाना मेने कहा ठीक है मम्मी मैं आयशा का पूरा ख्याल रखूँगा आयशा मंद-मंद मुस्कुरा रही थी जैसे ही मम्मी पापा घर से निकले तो मम्मी ने कहा की अंदर से दरवाजा बंद करके रखना मे अंदर से दरवाजा बंद करके जैसे ही मुड़ा तो आयशा दौड़ कर मुझसे लिपट गयी और बोली लो भैया वहाँ की सारी कमी पूरी कर लो मे बिल्कुल मना नही करूँगी.मे बोला की आयशा शादी मे तू गांड मटका-मटका कर चलती थी तो मेरा दिल तेरी गांड मारने का बहुत करता था आज तो पहले मे तेरी गांड मारूँगा ठीक है भैया अब मेरी चीख भी निकली तो किसी को सुनाई नही देगी मेरा दिल भी गांड मरवाने को करता है मे फटाफट आयशा को बेड पर ले गया और

    अपने कपड़े उतार दिये आयशा ने भी जीन्स और टॉप उतारे और घोड़ी बनकर मेरे खड़े लंड को देखने लगी उसने पेंटी और ब्रा नही पहने थे मेरे सामने उसके चौड़े और भारी नितंभ थे मेने पीछे से उसके चिकने मसल कूल्हे पकड़े और गांड का चुम्मा लिया फिर मे गांड को पागलो की तरह चाटने लगा आयशा के मुँह से लगातार सिसकियां निकल रही थी.फिर मेने अपने लंड के मोटे सूपाडे को उसकी गांड पर रखा तो उसके मुँह से मीठी सी सिसकारी निकली "हाय भैया आहिस्ता-आहिस्ता डालना मेरी गांड कुँवारी है"मेने थोड़ा ज़ोर लगाया तो गधे जैसे लंड के सूपाडे ने गांड के टांके तोड़ दिये और सूपाड़ा गांड मे घुस गया आयशा की आँखो से आँसू निकल आये वो बोली भैया सूखा ही मारोगे लाओ मे तुम्हारे लंड को भी गीला कर देती हूँ मेने लंड निकाला तो आयशा ने उसे मुँह मे लेकर चूसना शुरू कर

    दिया वो कह रही थी की आपका सूपड़ा ही मेरे मुँह मे मुश्किल से आता है पूरा लंड तो मेरी गांड का बुरा हाल कर देगा अच्छी तरह लंड चूसने के बाद वो फिर घोड़ी बन गयी उसके मोटे मोटे चूतडो पर मेने दाँत गड़ा दिये.मेने फिर उसकी गांड को चूमा और जीभ से चाटा आयशा ने पीछे मूड कर विनती की अब आ भी जाओ भैया तवे को गर्म देख कर मे घोड़े की तरह चढ़ गया और एक जोरदार धक्के के साथ लंड को उसकी गांड मे घुसेड दिया मेरा आधा लंड गांड को फाड़ता हुआ अंदर घुस गया आयशा चिल्लाई ज़रा रूको भैया मे मरी मेने रुक कर उसकी सुन्दर गर्दन को चूमा उसका मुँह पीछे की तरह करके गालों को मुँह मे भर कर चूसने लगा मेने महसूस किया की उसने अपनी जांघे पूरी फैला ली हैं और लंड को एड्जस्ट कर लिया है मेने एक

    हाथ नीचे ले जाकर उसकी चूत के लहसुन को सहलाना शुरू कर दिया इससे उसके नितंब हरकत करने लगे मे समझ गया की गांड अब और ज़्यादा लंड माँग रही है.मेने एक ज़ोरदार शॉट मारा और मेरे अंडकोष उसके गद्देदार चूतडो से जा टकराये पूरा 10 इंच का लंड उसकी गांड मे घुस गया था अब मेने आहिस्ता-आहिस्ता शॉट लगाने शुरू कर दिये उसके भारी चूतड़ भी ताल से ताल मिलाने लगे कुछ ही देर मे लंड के धक्कों और उसकी सिसकारियों मे तेजी आ गयी और वो बस बस करके झड़ने लगी मे भी सारा वीर्य उसकी गांड मे डाल कर उसके उपर ही ढेर हो गया हमने मम्मी पापा के आने तक ना दिन देखा ना रात बस चुदाई मे लगे रहे जैसे 2 दिन बाद दुनिया का अंत होने वाला हो उसके बाद तो आयशा को मेरे लंड का ऐसा चस्का लगा है की मम्मी पापा के

    सोने के बाद वो रोज़ मेरे कमरे मे आ जाती है और सुबह तक चुदाई चलती है फिर चुपके से अपने रूम मे चली जाती है तो दोस्तों ये थी मेरी कहानी अच्छी लगे इसे शेयर जरूर करें.धन्यवाद .

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আমি দশ ইঞ্চি মোটা ধোনের গর্বিত মালিক Hot Kama kambi kadha kadiyulla poorநாயின் சுன்னி ஊம்புதல்నాన్న తో కూతురు కసి దెంగుడుবয়স্ক বুড়ি চুদার চটিசரிதா அம்மணபடம்तरक्की का सफर राज्य अग्रवालGud.Chusa.Rosdadaji sex hindi storyஅத்தை, ஆன்டி காமக்கதைகள்টাকার বিনিময় চোদাচুদিமுடங்கிய கணவருடன் சுவாதியின் வாழ்க்கை blogspot site:krot-group.ruমটা হোলের চুদা চদীমাং চাটা গল্পনানির পাছা চুদার গল্পোPundai ootai kathaikalmamu gehi delaছেলে মেয়ের পুকুরে পানিতে "চুদাচুদি" করার গল্প.comwww.पुची मधून बुली XxxBahan ko 10 inch ka lund se chodaনায়িকাকে চোদার গল্পট্রেনে চুদাচুদিহুজুরের চোদন গল্পஅசராதவள் மேரியம்மா தமிழ் செக்ஸ் கதைকালো পুটকি চোদার বাংলা চটি গল্পঘুমের মধ্যে চোদাsexstoretamilshot and darrti aadiuo seksচটি ছেলের মোটা বাড়ামেয়ের চওরা ধোনதோட்டக்காரனை ஓத்தகதைমা আর বরো বাবার চোদাচোদির গল্পগৃহবধূর পোদ মারার কাহিনীசித்திவீட்டில் நடந்த காமகதைಕನ್ನಡ ಕಾಮ ಕಥೆಗಳುচটি গল্প পাছাভাগ্নি কে চোদতে গিয়ে আপু কে চোদলাম চটিআন্টির সাথে চোদাচোদির চটি কাহিনিகாமசுக கதைভাই আমাকে চোদবুড়া স্যারের ধোনচাকরের সাথে চোদাচোদিমায়ের পোদ মারা চটিदादाजि जवलेচটি গল্প আটকেকাকিকে চুদে ফাটাই দেয়া গল্পnew nonvagstory.comগুদে জলএত টাইট মাং কখনো চুদিনিஎன் பொண்டாட்டி mla வப்பாட்டிbangla xossip choti kahiniKharap Mayeder Guder Pik O Codar Golpodharabahik bangla choti golpoकामवालि बाईचे थान दाबले चावट कथाপাছার মজা চটিহাসপাতালের নার্সকে চুদার গলপগুদ চোদার bangla golpohard sexktha readingভাই বোনের চুদা গলপভাবিকে চুদার গল্পবড় বোন কে পটকি চৌদে রক্ত বাহির করার গল্প।অভদ্র মেয়েকে চোদার চটিবোনের মাল খাওয়া চটি গল্পমা বোন ছেলে চটিmudangiya kanavarudan swathi xossipy.comসুখের চুদা আন্টিকোনু মেযেকে চুদা কথা বলে কি বলেMa Babar Bos Group Chotiস্বামির কলিগের চুদনমাও কাকিকে জোর করে চুদাতার গনচোদন চটিরিমিকে চুদা চটিগোসল করতে গিয়ে চুদেআম্মু আর আংকেল বেড়াতে গিয়ে চুদলোBipode pore coda khawar golpoবড় পাছায় বড় ধোন ঢুকানোর গল্পAai vadil sex katha marathiখানকি বৌয়ের পরকীয়ার বাংলা চটী গল্পதமிழ் காம கதைகள் அதிசய புத்தகம்মা দাদু বাবা চটিপ্রথমবার আমার গুদ দেখে চমকে গেলশাড়ি গুটিয়ে ঠাপঠাপা জোরে ঠাপাবুড়ির দুদ টেপা বাংলা চটিগণ চোদনের গল্পঃಅಳಿಯನ ತಿಕದ কাজের মেয়ে চুদার কাহিচুপিসারে চুদাஅப்பா மகள் ஓழ்க்கதைகள்தங்கை புண்டை தூமை காமக்கதைகள்আপন বৌদির চঠিमराठी सेक्स स्कूल स्टोरीபுண்டை அரிப்பு தாங்க முடியலஆடு காமகதைகள்পরপুরুষ চোদার গল্প আহ ওহBahinichi seal todli storybangla choti golpo boro apu