मामा के लड़के ने मुझे बड़े प्यार

Discussion in 'Hindi Sex Stories' started by 007, Jun 19, 2017.

  1. 007

    007 Administrator Staff Member

    Joined:
    Aug 28, 2013
    Messages:
    138,923
    Likes Received:
    2,215
    //krot-group.ru हेल्लो दोस्तों, Kamukta मैं नीतू आप सभी का नॉन वेज स्टोरी डॉट कॉम में बहुत बहुत स्वागत करती हूँ। मैं पिछले कई सालों से नॉन वेज स्टोरी की नियमित पाठिका रहीं हूँ और ऐसी कोई रात नही जाती तब मैं इसकी रसीली चुदाई कहानियाँ नही पढ़ती हूँ। आज मैं आपको अपनी स्टोरी सूना रही हूँ। मैं उम्मीद करती हूँ कि यह कहानी सभी लोगों को जरुर पसंद आएगी।

    मै कन्नौज की रहने वाली हूँ। मेरे उम्र 22 होगी। मेरे घर में केवल मै, मम्मी और पापा रहते है। मैंने अपनी जिंदगी में कई बार चुद चुकी हूँ, लेकिन मेरी जिंदगी की एक चुदाई सबसे शानदार थी। मै तो अभी तक उस चुदाई को नही भूल पाई।आज से दो महीने पहले की बात है, मेरे मामा की लड़की की शादी में उनके घर गई थी। मै और मम्मी 15 दिन पहले ही चले गाये थे, और पापा तो सीधे शादी में आने वाले थे। मेरे मामा के दो लड़के और एक लड़की थी। मामा के बड़े वाले लड़के की शादी हो चुकी थी। इस बार लड़की की शादी थी। मामा के छोटे लड़के का नाम रमेंद्र था। रमेंद्र बहुत स्मार्ट और जवान था। रमेंद्र लगभग 19 साल का होगा, उसका कद 5.8 फीट का होगा।
    मै और मम्मी मामा के घर पर पहुंचे, वहां हम लोगो की खूब खातिरदारी हुई। सब लोग बहुत खुश थे क्योकि हमलोग बहुत दिनों के बाद गये थे। वहां पहुचने के बाद हमने खाना खाया और थोड़ी देर आराम किया, क्योकि हम लोग थोडा थके हुए थे। आराम करते करते शाम हो चुकी थी। मैंने अपने कपडा बदला और घर से बाहर पास पड़ोस में घूमने के लिए निकाल पड़ी। मैंने बहुत देर तक घुमती रही, फिर मै घर चली आई। रात हो गई थी। मै घर में कुर्सी पर बठी थी, अचानक रमेंद्र ने पीछे से मेरी आँख को बंद लिया और पूछने लगा बाताओ कौन है? मैंने उसको पहचान लिया मैंने कहा रमेंद्र हो ना। हम दोनों बचपन में साथ में खूब खेलते थे, एक बार रमेंद्र ने तो मुझे किस भी कर लिया था। थोड़ी देर बाद रमेंद्र ने मुझसे कहा चलो छत पर बाते करते है, मैंने भी कहा चलो। हम दोनों छत पर चले गये। छत चारो ओर से ६ फीट की दीवाल से घिरी हुई थी। हम दोनों छात की दीवार पर बैठ कर बाते करने लगे। उसने मुझसे पूछा कोई बोयफ़्रेंड बनाया की नही ?? मैंने झूठ बोल दिया "नही बनाया। मैंने भी पूछा की तुमने बनाया क्या ? हाँ बनाया तो था लेकिन ब्रेकअप हो गया। मैंने उसे सुहानुभूति देने के लिए अपना हाथ उसके हाथो पर रख दिया। लेकिन रमेंद्र को शायद लगा की मै उसे लाइन दे रही हूँ।
    उसने मेरी हाथो पर अपना हाथ रख दिया और बोला यार ज्योति मुझे ना तुम बहुत अच्छी लगती हो, क्या तुम मेरी गर्लफ्रेंड बनोगी ? उसने सामने से प्रपोस कर दिया। मै कुछ समझ नही पाई, मैंने सोचा अब क्या करूं । मैंने सोचा की हाँ कर लेती हूँ वरना मै तो यहाँ बोर हो जाऊगी। मैंने उसे हाँ बोल दिया, मेरे हाँ बोलते ही उसने मेरे हाथो पर अपनी अंगुलियो से रखने लगा और धीरे से उसने मुझे किस भी कर लिया।
    किस करने के बाद रमेंद्र नीचे चला गया। मै वहीँ पर बठी सोचती रही की क्या मै सही किया है? थोड़ी देर बाद मै भी नीचे चली आई। हम लोगो रात का खाना कहने के बाद सोने के लिए चले गये। रात को मुझे नीद नही आ रही थी, तो मै छत पर चली गई। वहां मैंने देखा की रमेंद्र पीछे दीवार के किनारे मुठ मार रहा था। उसको मुठ मारते देख मेरे अंदर भी जोश आने लगा, रमेंद्र का लंड देखने में बहुत मोटा और लम्बा भी था। मैंने सोचा की क्यों ना आज रात चुदाई हो जाये? मैंने रमेंद्र को धीरे से आवाज दी- रमेंद्र छात पर आ जाओ। रमेंद्र ने मुझको छात पर देख कर मुठ मारना बाद कर दिया।
    रमेंद्र चुपके से छत पर आया, और उसने पूछा क्या है? मैंने कहा - क्या तुम मुझे आज चोदना चाहोगे? उसने मुस्कुराते हुए कहा - क्यों नही। रमेंद्र ने पहले मेरे हाथो को पकड़ा और हाथो को किस करते हुए मेरी गर्दन पर पंहुचा। वो मेरी गर्दन को पीने लगा और अपने हाथो को मेरे मम्मो की और बढाने लगा। मेरे अंदर करंट सा लग रहा था, मै बेकाबू हो रही थी। मैंने भी रमेंद्र को कसकर पकडकर किस करने लगी। रमेंद्र मेरी होठो को पीने लगा, रमेंद्र मेरे होठो को ऐसे पी रहा था जैसे कोई रसीला फल चूस रहा हो। मै भी उसके होठो को अपने मुह में भर कर चूस रही थी।
    पास में एक चादर रखी था रमेंद्र ने उसे बिछा दिया और मुझे उस पर लेटा दिया। रमेंद्र मेरे होठो को लगातार पी रहा था। और मै भी उसके पतले होठो को पी रही थी। कही उसका होठ मेरी मुह में और कभी मेरा होठ उसके मुह में। 15 मिनटों तक लगातार रमेंद्र मुझे किस करता रहा। रमेंद्र का जोश धीरे धीरे बढ़ने लगा, उसने मेरे होठो को छोड कर मेरी गर्दन को पीने लगा। बहुत देर तक रमेंद्र मेरे गर्दन को पीता रहा, जब रमेंद्र मेरी गर्दन को पी रहा था तो मेरा जोश और बढ़ने लगा। मै अपने हाथो से ही अपने मम्मो को मसलने लगी। मेरा जोश इतना बढ़ता जा रहा था की मै अपने मम्मो को खूब तेजी से दबाने लगी। मुझे अच्छा लग रहा था।
    मैंने रात को नाईट ड्रेस पहना था। रमेंद्र ने मेरी नाईट ड्रेस को उतार दिया और मेरी चूची पर अपना हाथ फेरने लगा। कुछ देर तक उसने मेरे ब्रा पर ही अपना हाथ फेरा, फिर वो मेरी ब्रा को उतार कर मेरे मम्मो को पीने लगा। रमेंद्र का जोश इतना बढ़ रहा था की वो मेरे चुचियों को पी भी रहा था और साथ में मेरी चूत पर भी अपने हाथो से सहला रहा था। शायद रमेंद्र को मुझे चोदने की बहुत जल्दी थी। रमेंद्र मेरे सुडोल बड़े बड़े मम्मो की बहुत अच्छी तरह से पी रहा था। मेरा तो बुरा हाल हो रहा था। मै बेकाबू होने लगी थी। मैंने अपने आप को संभाला और अपने हाथो से रमेंद्र के सिर पर सहलाने लगी। मेरे गोरे बदन पर रमेंद्र अपने हाथो से सहला भी रहा था और मेरी चुचियो को पी भी रहा था। रमेंद्र बहुत समय तक मेरी मम्मो को पीता रहा। तोड़ी देर बाद उसने मेरे मम्मो को पीना बंद कर दिया।
    मेरे मम्मो को पीना बंद करने के बाद रमेंद्र ने मेरे दोनों चुचियो की बीच से पीना शुरू किया और पीते पीते मेरी नाभि तक पहुच गया। जब रमेंद्र मेरी चूची से नीचे की ओर बढ़ रहा था मेरा तो जोश बढ़ने लगा था। मै मदहोश होने लगी थी। फिर रमेंद्र ने मेरे पैजामे को धीरे से निकाल दिया, रात के अँधेरे में मेरे पैंटी का रंग दिख नही रहा था तो रमेंद्र ने मुझसे पूछा की पैंटी का रंग क्या है? मैंने बोला काले रंग का है। रमेंद्र ने पहले मेरी बुर पर अपना हाथ सहलाया, मेरा तो बदन काँप उठा। फिर उसने मेरी पैंटी को निकाल दिया। और अपनी अंगुलियो को मेरी चूत में डालने लगा। आह क्या आनन्द आ रहा था। मुझे तो बहुत मजा आ रहा था। लेकिन ये मजा सजा में बदलने वाला था। रमेंद्र ने अपनी उंगली से मेरी चूत में इतनी तेज कर रहा था की मै अपने आप रोक नही पाई और मेरे मुह से अहह .. अह्ह्ह .. उफ्फ़ .उफ्फ्फ... प्लीज़ ... उह्ह ..करके चीखने लगी। रमेंद्र मेरे चूत में उंगली डालने की स्पीड को बढ़ा रहा था मै और तेजी से चीखने लगी और अंत में मेरी चूत का पानी निकलने लगा। जैसे ही मेरी चूत से पानी निकला रमेंद्र ने अपना मुह मेरी चूत में लगा कर मेरी चूत का पानी पीने लगा। मेरी चूत का पानी पीने के बाद कहता है की क्या स्वाद है।
    मेरी बुर का पानी पीने के बाद उसने मेरी चूत को पीने लगा, पहले तो उसने मेरी चूत की उपरी हिस्से की छोटी सी गुलाबी रंग के दाने को अपने जीभ से चाटने लगा। मै बेकाबू के साथ साथ मदहोश भी हो रही थी। रमेंद्र लगातार मेरी चूत को पी रहा था। कसम से मुझे बहुत मजा आ रहा था। जब रमेंद्र मेरी बुर को पी कर थक गया तो उसने मेरी चूत को पीना बंद कर दिया। उसने अपना पैंट खोला और अपना बड़ा सा 9 इंच लंबा और खूब मोटा सा लंड को निकाला। रमेंद्र चाहता था की मै उसके लंड को चुसू तो मैंने पहले उसके लंड को पकड़ा लेकिन लंड इतना मोटा थी की मेरे हाथ में ठीक से नही आ रहा था। मैंने पहले उसके लंड को सहलने लगी, मेरे लंड सहलाने से उसका लंड और भी तन जाता। फिर मैंने उसका लंड अपने मुह में रख कर चूसने लगी। कभी मै अपने जीभ से चाटती तो कभी पूरा लंड को अपने मुह में ले लेती। जब मै रमेंद्र का लंड चूस रही थी तो रमेंद्र का बुरा हाल हो रहा था, उसका जोश और भी बढ़ने लगा। मै उसके लंड को लगातार चूस रही थी और रमेंद्र मेरी मम्मो को मसलने में लगा हुआ था। मै बड़ी मस्ती से रमेंद्र का लंड चूस रही थी , की रमेंद्र बेकाबू होने लगा उसने अपना लंड मेरी मुह से निकाला और मुझे लिटा दिया। और उसने पहले मेरी बुर पर अपना लंड रख दिया और धीरे से अपने लंड से सहलाने लगा। मै बेकाबू होने लगी, मेरा बदन ऐठने लगा।
    रमेंद्र ने थोडा सा जोर लगाके अपने लंड को मेरी चूत में उतार दिया और मेरी मुह से अहह करके आवाज़ निकल आई। मैंने सोचा नही था की रमेंद्र चोदने में इतना तेज है। रमेंद्र ने अपना पूरा जोर लगा के मेरी बुर में पेलने लगा। और मेरे मुह से अहह.. अह्ह्ह.. ओह्ह...ओह्ह्ह... इइई ...इइई. सीईई...प्लीज़,...आराम से उई..माँ,... कितना दर्द हो रहा है। जिस तरह से रमेंद्र मुझे चोद रहा था ऐसा लग रहा था कि मेरा भोसड़ा कहीं फट ना जाये। जितनी तेज रमेंद्र मेरे भोसड़े को फाड़ने में लगा हुआ था, मै उतना ही चीख रही थी। मेरा बुरा हल हुआ जा रहा था दर्द से। रमेंद्र कि इसमें कोई गलती नही उसका लंड इतना मोटा था। मेरे तो आसूँ निकल आया। रमेंद्र का जोश तो अभी बढ़ रहा था, ये तो अभी शुरुआत थी। रमेंद्र कि स्पीड धीरे धीरे बढ़ रही थी। मै तो पछता रही थी कि क्यों मैंने रमेंद्र को बुलाया चोदने के लिए। रमेंद्र लगातार मेरी चूत को चोदने में लगा हुआ था और मेरे मुह से चीख पर चीख अहह ..आ .आ . अहह ... उफ्फ्फ . उफ्फ्फ. करके चीख रही थी। लेकिन मैंने इतनी जबरदस्त चुदाई पहले नही करवाई थी। मुझे भी धीरे धीरे मजा आने लगा, मै मस्ती से चुदवाने लगी। अह्ह्ह... अहह. आ .. आ.. येह ... उफ्फ़ ... । मै तो अपने चुदाई का पूरा मजा उठाने लगी थी। बहुत देर तक उसने मेरी भोसड़े को फाड़ा।
    फिर उसने मेरी गांड मारना चाहा, मैंने थोडा विरोध किया क्योकि उसका लंड बहुत मोटा था। लेकिन रमेंद्र ने मुझे किसी तरह से मना लिया। मैं अपने गांड को रमेंद्र कि तरफ कर दिया , रमेंद्र ने अपने मुह से थूक निकाला और मेरी गांड में लगाने लगा। मुझे बहुत अच्छा लग रहा था। उसने थोडा थूक अपने लंड में भी लगाया और धीरे से मेरी गांड में डाल दिया। जब थोडा सा लंड मेरी गांड में गया तो मै तो चीख पडी, पर धीरे धीरे जब उसका लंड मेरी गांड में जाता रहा तो मुझे मज़ा आने लगा। रमेंद्र की स्पीड बढ़ने लगी और मेरा दर्द भी जिस स्पीड से मेरी गांड को मारने में लगा हुआ था मै तो केवल अह्ह्ह ..आ...आ. आ... ईईईईईई... उई... माँ अहह... करके चीख रही थी, लेकिन मुझे बहुत मजा आ रहा था। मै अपने लाइफ में कई बार चुद चुकी हूँ लेकिन इतनी मस्त चुदाई मेरी कभी नही हुई। रमेंद्र लगातार मेरी गांड मार रहा था, कभी कभी तो रमेंद्र थोडा जोर लगा के अपना पूरा लंड मेरी गांड में घुसा देता और थोड़ी देर रुक जाता, उसके ऐसा करने से मुझे और उसे भी बहुत मजा आ रहा था। जब रमेंद्र मेरी गांड मार चुका तो उसने अपने लंड को मेरे दोनों मम्मो के बीच में रख कर चोदने लगा। अब मुझे थोडा आराम मिला, बस अब थोड़ी देर में रमेंद्र का माल निकलने वाला था ऐसा लग रहा था। रमेंद्र मेरी चुचियों के बीच में पेलने में लगा हुआ था और मै उसकी गोली को सहला रही थी। उसकी स्पीड बढ़ने लगी। रमेंद्र अपनी पूरी जोर लगा के मेरी चुचियों के बीच में चोद रहा था। थोड़ी देर में उसका माल निकने लगा, उसका सारा माल मेरे गले पर गिर रहा था और कुछ बुँदे मेरी मुह भी गिरा। मैंने कुछ बूंदों को चाट लिया कितना अच्छा स्वाद था।
    मैंने अपने गले को साफ किया, और कपड़े पहन कर रमेंद्र की बाहों में बाहें डाल कर उसको किस करने लगी। मेरे मन में अचनक से एक ख्याल आया, मैंने रमेंद्र से पूछा -एक राउंड और हो जाए? उसने कहा नही कोई आ गया तो। मैंने कहा कोई नही आयेगा। किसी तरह से मैंने रमेंद्र को मना लिया।
    पहले तो मै रमेंद्र के लंड को सहला रही थी, की जल्दी से रमेंद्र का जोश बढे और उसका लंड फिर से खड़ा हो जाए। थोड़ी देर बाद रमेंद्र का लंड खड़ा होने लगा, और कुछ ही देर में उसका लंड फिर के कड़क हो गया। इस बार रमेंद्र सीधे मुझे चोदने लगा। उसका लंड बहुत मोटा था इसलिए पहली बार बहुत दर्द हुआ था लेकिन इस बार तो चुदने का मजा ही अलग था । रमेंद्र भी इस बार थोडा थका हुआ था लेकिन फिर भी मेरे मुह से अहह.. आ. आ... ईईईई .. ईईईईईईईईई ...की आवाज़ आ रही थी। मै रमेंद्र की चुदाई कभी भूलने वाली नही थी क्योकि उसकी चुदाई इतनी शानदार थी। बहुत देर तक मेरी और रमेंद्र की दूसरी चुदाई चली। लगभग 30 मिनट तक रमेंद्र ने मुझे दूसरी राउंड में चोदा। अंत में जब उसका माल निकलने वाला था तो उसने अपना लंड ,मेरी हाथो में पकड़ा दिया और मुठ मारने को बोला। मै उसके लंड को पकड़ कर मुठ मारने लगी। थोडी देर में उसका सारा माल निकल गया और उसका लंड ढीला हो गया।
    उस दिन मुझे इतने मोटे लंड से चुदने का मौका मिला, मै तो आज भी उस रात की चुदाई को भूल नही पाई हूँ। मेरी चुदाई खत्म होने के बाद रमेंद्र ने मुझसे पूछा मजा आया मुझसे चुदने में ?? मैंने कहा - बहुत मजा आया। मेरी तो पहले ऐसी चुदाई हुई ही नही। उस रात के बाद रोज रात को मै रमेंद्र से चुदती और मज़ा लेती। इतना ही नही जब कभी रमेंद्र मेरे घर आता है तो भी हम लोगो की चुदाई शुरू हो जाती है। कहानी आपको कैसे लगी, अपनी कमेंट्स नॉन वेज स्टोरी डॉट कॉम पर जरुर दे।
     
Loading...

Share This Page



চাচাতো ভাইয়ের বউকে চুদার গল্পवङील मुलगी पुच्ची कथाকাকির চটি গল্পবাবা মায়ের গ্রুপ চুদা গল্পবউয়ের বান্ধবী চুদেഎന്റെ കന്ത് അവന്റെ വായിൽपुचीBow sosurer coti golfooDula vaiyer kase chuda khelamಹೊಸ ತುಲ್ಲು ಕತೆಗಳ బిఎఫ్ చూసుకోకుండా దెంగించుకునే/threads/%E0%AE%9F%E0%AE%BE%E0%AE%95%E0%AF%8D%E0%AE%9F%E0%AE%B0%E0%AF%8D-%E0%AE%A8%E0%AE%B0%E0%AF%8D%E0%AE%B8%E0%AF%8D-%E0%AE%95%E0%AE%B5%E0%AE%BF%E0%AE%A4%E0%AE%BE-%E0%AE%AA%E0%AE%BF%E0%AE%B0%E0%AF%87%E0%AE%AE%E0%AE%BE-%E0%AE%A4%E0%AE%AE%E0%AE%BF%E0%AE%B4%E0%AF%8D-%E0%AE%95%E0%AE%AE%E0%AE%BE%E0%AE%95%E0%AF%8D%E0%AE%95%E0%AE%A4%E0%AF%88.168394/Akka pukuমাং ফাটা চটি হট১৪ বছর মেয়ে বাংলা চোটিছোট মেয়েকে চুদে রকত চটিনিতম্বের খাজের মাঝে বাড়া চেপে ধরে শুয়ে রইলামমনিকার চোদা চুদিBirthday gift khani bhan sexy khniকচি গুদ চুদার কথাsaranya tamil kamakathaiகேரளத்து பெண்குட்டி Xvideosচটি গল্প আপুকে চুদা 3মায়ের সাথে পরপুরুষের পরকিয়া বাংলা চুটিখালার মুখ চুষে খাওয়া ভিডিওআস্তে করো ভাবি পরে মাল যাবে তোமுதலாளி காம கதைகள் www Telugu rare kutumba sex stores comবালে ভরা বাঙালি মেয়ের গুদবরকা পরা মা চটিপাশের বাসার বৌদির দুধ চোষাDadur Kase Choda Kawa Bangla Chotiफलेट मे सेकसগ্রামের মেয়েকে চুদার চটিখালামাকে চোদলাম একসাথে চটিMeenkari kamakathaiತುಲ್ಲೀX চটি গল্প পিচ্ছি মেয়ে চুদার গল্পচটি বোন বাথরুম চোদা মাগির খিস্তিarmy ladki chut chodai storyশশুরের বাড়ার মজাই আলাদাbangla porokiya boss Choti golpoরাজা চটিচটি গল্প আমার কচি মাং ফাটালভেসলিন দিয়ে মার গুদ চোদাকাকি চুদা সমাচারമലയാളം കമ്പി കഥ മൃഗങ്ങളും മനുഷ്യരും തമ്മിലുള്ള കളി அத்தை அழகிய கூதிচুদার গল্প ড্রাইভারthamil peangal paalkudukum vediyo thamilhijde ne choda kathaandnnagadacom fig kanddgmaমামির কান্না চটিஅண்ணி தங்கை முலை பால் அவசர ஓழ் அம்மாadivasi jungle sex kahani அக்கா தம்பி புதிய காமகதைகள்bangla actress mai boob chotiஅம்மாவுடன் குளிரில் செக்ஸ் கதைகள்ব্রা কেনার চটি ভোদা চাটার চটি গল্পমা ছেলের চোদাচুদির সংসার গল্প চাইলাল।ঠোটের।ছবি।সহ।চটিবাবা মেয়ের চুদার গল্পஅம்மாவை ஓத்த மாமனார்আম্মুর ব্রা বাংলা চটিখাড়া করে চুদাଭାଉଜ କମ୍ ବିଆ ଗପপ্লিজ প্লিজ ফাক মীஅழகிய அம்மா பகுதி-3মামির ভোদার ভিতরে ধন ঢুকালাম রাতেআহহ গভীর রাতে চুদাগলপসেক্সি বড় খালাকে চোদলাম জোর করে চটি গল্পগুদ চোদার bangla golpoஅம்மாவின் முலைப்பால் sex stories in tamilনতুন মামিকে চোদার গল্পবাংলা চটি গলপর শুধু লেখাகுடும்ப மலர்கள் காமகதை